बिल्ली चूहा भाई बन्दर -देवसुत Thu Jul 25 2013 22:32:07 GMT-0700 (PDT)

posted Jul 25, 2013, 10:32 PM by A Billion Stories
बिल्ली चूहा भाई बन्दर,
बैठे थे एक कमरे के अन्दर,
बिल्ली बोली म्याऊं,
चूहा बोला बिल में जाऊं,
इतने में आया एक भालू,
बोला मैं तुम सबको खालूं,
लेकिन तीनो थे चालाक,
पकड़ी भालू की झट से नाक,
नाक पकड़ कर खूब घुमाया,
भालू ने फिर नहीं सताया |

-बाल कविता (Children's Poem)

Submitted by: देवसुत
Submitted on: Sat Jul 13 2013 19:31:50 GMT-0700 (PDT)
Category: Folklore
Language: Hindi
Copyright: Copy Free
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